Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    Facebook X (Twitter) Instagram
    CG News
    • Home
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • मध्यप्रदेश
      • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
    • छत्तीसगढ़
      • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
    • राजनीती
    • धर्म
    • अन्य खबरें
      • मनोरंजन
      • खेल
      • तकनीकी
      • व्यापार
      • करियर
      • लाइफ स्टाइल
    CG News
    Home»व्यापार»Telecom Dark Patterns: टेलीकॉम कंपनियों की मनमानी पर सख्ती की मांग, उपभोक्ताओं के हित में नए नियमों की तैयारी
    व्यापार

    Telecom Dark Patterns: टेलीकॉम कंपनियों की मनमानी पर सख्ती की मांग, उपभोक्ताओं के हित में नए नियमों की तैयारी

    News DeskBy News DeskJuly 24, 2026No Comments4 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp Email Telegram Copy Link
    Telecom Dark Patterns: टेलीकॉम कंपनियों की मनमानी पर सख्ती की मांग, उपभोक्ताओं के हित में नए नियमों की तैयारी
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp Pinterest Email

    नई दिल्ली

    भारत में 5G सेवाओं के विस्तार और तेजी से बढ़ते डिजिटल उपभोग के बीच मोबाइल उपभोक्ताओं के अनुभवों को लेकर सामने आई एक नई रिपोर्ट ने टेलीकॉम सेक्टर की डिजिटल कार्यप्रणाली पर बहस तेज कर दी है। कम्युनिटी प्लेटफॉर्म LocalCircles द्वारा किए गए देशव्यापी सर्वे के अनुसार, लगभग 81 प्रतिशत मोबाइल उपभोक्ताओं ने किसी न किसी रूप में ‘डार्क पैटर्न’ का सामना किया है। ये ऐसे डिजिटल डिजाइन या प्रक्रियाएं हैं जो उपभोक्ताओं को भ्रमित कर महंगे विकल्प चुनने, अतिरिक्त भुगतान करने या अनचाही सेवाएं लेने के लिए प्रेरित कर सकती हैं। रिपोर्ट में मौजूदा नियमों को पर्याप्त नहीं बताते हुए नियामकीय हस्तक्षेप की आवश्यकता जताई गई है।

    341 जिलों के 74 हजार से अधिक उपभोक्ताओं की राय पर आधारित सर्वे
    LocalCircles ने यह सर्वे देश के 341 जिलों में 74,000 से अधिक मोबाइल उपभोक्ताओं के बीच किया। सर्वे के निष्कर्ष बताते हैं कि डिजिटल प्लेटफॉर्म पर अपनाई जा रही कई प्रक्रियाओं को उपभोक्ता पारदर्शी नहीं मानते। संस्था का कहना है कि मौजूदा गाइडलाइन होने के बावजूद ऐसे मामलों पर प्रभावी निगरानी और कार्रवाई की जरूरत बनी हुई है। रिपोर्ट TRAI और केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (CCPA) को भेजने की तैयारी भी की गई है।

    सबसे ज्यादा शिकायत ‘बेट-एंड-स्विच’ पैटर्न की
    रिपोर्ट के मुताबिक सबसे अधिक शिकायत ‘बेट-एंड-स्विच’ डार्क पैटर्न को लेकर सामने आई। लगभग 79 प्रतिशत उपभोक्ताओं ने कहा कि उन्हें शुरुआत में कम कीमत या ज्यादा लाभ वाले रिचार्ज प्लान दिखाए गए, लेकिन भुगतान के समय वही प्लान उपलब्ध नहीं थे या उनकी जगह अधिक महंगे विकल्प प्रस्तुत किए गए। इससे उपभोक्ताओं को अपेक्षा से अधिक खर्च करना पड़ा।

    बार-बार नोटिफिकेशन और अनचाहे प्रमोशन से बढ़ी परेशानी
    करीब 78 प्रतिशत प्रतिभागियों ने ‘नैगिंग’ यानी बार-बार आने वाले नोटिफिकेशन को बड़ी समस्या बताया। उनका कहना है कि नोटिफिकेशन बंद करने के बाद भी रिचार्ज, प्लान अपग्रेड, ऐप डाउनलोड या प्रमोशनल ऑफर्स से जुड़े संदेश लगातार भेजे जाते हैं, जिससे उपयोगकर्ता अनुभव प्रभावित होता है।

    रिचार्ज कीमत, ऑटो सब्सक्रिप्शन और अतिरिक्त शुल्क पर उठे सवाल
    सर्वे में 59 प्रतिशत उपभोक्ताओं ने कहा कि अंतिम भुगतान के समय विज्ञापित कीमत से अधिक राशि देनी पड़ी क्योंकि बाद में प्रोसेसिंग या कन्वीनियंस फीस जोड़ दी गई। वहीं 53 प्रतिशत लोगों ने आरोप लगाया कि उनकी जानकारी के बिना सेवाएं पेड सब्सक्रिप्शन में बदल गईं। लगभग आधे प्रतिभागियों ने यह भी कहा कि ट्रांजैक्शन पूरा करने के लिए उन्हें अतिरिक्त सेवाएं लेने या जरूरत से ज्यादा व्यक्तिगत जानकारी साझा करने के लिए प्रेरित किया गया।

    प्रमुख टेलीकॉम प्लेटफॉर्म पर साझा किए गए अनुभव
    LocalCircles के अनुसार उपभोक्ताओं ने रिलायंस जियो, भारती एयरटेल और वोडाफोन आइडिया जैसे प्रमुख टेलीकॉम प्लेटफॉर्म पर भी ऐसे अनुभव साझा किए। इनमें रिचार्ज प्लान के लाभ बदल जाना, छिपे हुए बदलाव, बार-बार लगने वाले सब्सक्रिप्शन शुल्क और प्रमोशनल सेवाएं बंद करने में कठिनाई जैसी शिकायतें शामिल हैं। रिपोर्ट में एयरटेल के कुछ Unlimited 5G प्लान में हॉटस्पॉट सुविधा पर सीमाओं को भी ‘फोर्स्ड एक्शन’ डार्क पैटर्न के उदाहरण के रूप में उल्लेख किया गया है। ये उपभोक्ताओं द्वारा साझा किए गए अनुभव हैं और संबंधित कंपनियों की आधिकारिक प्रतिक्रिया अलग हो सकती है।

    TRAI और CCPA से सख्त नियमों की मांग
    रिपोर्ट में कहा गया है कि केवल सलाह या गाइडलाइन जारी करना पर्याप्त नहीं होगा। LocalCircles ने मांग की है कि TRAI टेलीकॉम प्लेटफॉर्म पर डार्क पैटर्न रोकने के लिए स्पष्ट और अनिवार्य नियम लागू करे तथा CCPA भी इस क्षेत्र में सक्रिय निगरानी और आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करे। संस्था के अनुसार पिछले दो वर्षों में इस विषय पर उल्लेखनीय नियामकीय कार्रवाई सामने नहीं आई है।

    डार्क पैटर्न क्या हैं? 

        बेट-एंड-स्विच (Bait and Switch): सस्ता या बेहतर प्लान दिखाकर भुगतान के समय महंगा प्लान ऑफर करना।
        नैगिंग (Nagging): नोटिफिकेशन बंद करने के बाद भी लगातार रिचार्ज या प्रमोशनल संदेश भेजना।
        छिपे हुए शुल्क (Hidden Charges): अंतिम भुगतान के समय प्रोसेसिंग या कन्वीनियंस फीस जोड़ देना।
        ऑटो सब्सक्रिप्शन (Auto Subscription): उपयोगकर्ता की स्पष्ट सहमति के बिना पेड सेवा सक्रिय हो जाना।
        फोर्स्ड एक्शन (Forced Action): मुख्य सेवा का लाभ लेने के लिए अतिरिक्त विकल्प चुनने या अन्य शर्तें मानने के लिए मजबूर करना।
        अनावश्यक डेटा संग्रह (Excessive Data Collection): साधारण सेवा के लिए जरूरत से ज्यादा व्यक्तिगत जानकारी मांगना।
        प्रमोशनल ऑप्ट-आउट में कठिनाई: विज्ञापन या ऑफर बंद करने का विकल्प जटिल या अस्पष्ट होना।
        प्लान बेनिफिट में बदलाव: रिचार्ज के बाद प्लान के लाभ बदल जाना या सीमित कर दिया जाना।

     

    News Desk

    Related Posts

    सितंबर में Kia Carens Clavis पर बंपर डिस्काउंट, ₹1.20 लाख तक सस्ती हुई कार

    September 8, 2026

    खुलते ही धड़ाम हुआ शेयर बाजार, Sensex-Nifty में तेज गिरावट; जानें क्या है वजह

    September 8, 2026

    Maruti Suzuki Price Hike: फिर महंगी हुईं मारुति की कारें, सितंबर में ₹20 हजार तक बढ़े दाम

    September 8, 2026

    Tata Osprey लॉन्च: सनरूफ से क्रूज कंट्रोल तक, फीचर्स की भरमार; जानें कीमत और खासियतें

    September 7, 2026

    सोना ₹40 हजार तक सस्ता, चांदी भी ऑल टाइम हाई से ₹1.83 लाख टूटी; जानें ताजा भाव

    September 7, 2026

    शेयर बाजार की खराब शुरुआत, खुलते ही 250 अंक से ज्यादा फिसला सेंसेक्स; निफ्टी भी लाल

    September 7, 2026
    GAM
    विज्ञापन
    विज्ञापन
    हमसे जुड़ें
    • Facebook
    • Twitter
    • Pinterest
    • Instagram
    • YouTube
    • Vimeo
    अन्य ख़बरें

    सेवा संकल्प अभियान- ‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने की वर्चुअल समीक्षा….

    September 9, 2026

    उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कैबिनेट की बैठक में लिए गए निर्णयों की जानकारी दी….

    September 9, 2026

    वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी ने प्रभार जिले की वर्चुअल बैठक लेकर ‘सेवा संकल्प अभियान’ की तैयारियों की समीक्षा की….

    September 9, 2026

    भविष्य के छत्तीसगढ़ के शहरों को आकार देने की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी अब युवा टाउन प्लानर्स के कंधों पर – मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय…..

    September 9, 2026
    हमारे बारे में

    यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

    Disclaimer - समाचार से सम्बंधित किसी भी तरह के विवाद के लिए साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री ( समाचार / फोटो / विडियो आदि ) शामिल होगी स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। न्यूज़ पोर्टल में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता / खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होगी. सभी विवादों का न्यायक्षेत्र रायपुर होगा

    हमसे सम्पर्क करें
    Owner - Rakhi Roy
    Editor - Rahul Shende
    Mobile - 7089782411
    Email - cgnewsllive24@gmail.com
    Office - F 188, Aakash Ganga, Supela, Bhilai, Chhattisgarh
    September 2026
    M T W T F S S
     123456
    78910111213
    14151617181920
    21222324252627
    282930  
    « Aug    
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.