Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    Facebook X (Twitter) Instagram
    CG News
    • Home
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • मध्यप्रदेश
      • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
    • छत्तीसगढ़
      • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
    • राजनीती
    • धर्म
    • अन्य खबरें
      • मनोरंजन
      • खेल
      • तकनीकी
      • व्यापार
      • करियर
      • लाइफ स्टाइल
    CG News
    Home»देश»लद्दाख में ONGC का बड़ा कमाल, 14,000 फीट ऊंचाई पर खोदे 1000 मीटर गहरे जियोथर्मल कुएं, धरती की गर्मी से बनेगी बिजली
    देश

    लद्दाख में ONGC का बड़ा कमाल, 14,000 फीट ऊंचाई पर खोदे 1000 मीटर गहरे जियोथर्मल कुएं, धरती की गर्मी से बनेगी बिजली

    News DeskBy News DeskJuly 18, 2026No Comments4 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp Email Telegram Copy Link
    लद्दाख में ONGC का बड़ा कमाल, 14,000 फीट ऊंचाई पर खोदे 1000 मीटर गहरे जियोथर्मल कुएं, धरती की गर्मी से बनेगी बिजली
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp Pinterest Email

    लेह
     लद्दाख की Puga Valley में देश के पहले जियोथर्मल एनर्जी प्रोजेक्ट की शुरुआत हो गई है. उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने शुक्रवार को देश के सबसे गहरे जियोथर्मल कुओं को कमीशन किया. यह भारत के क्लीन एनर्जी मिशन की दिशा में एक बहुत बड़ा कदम है. ONGC एनर्जी सेंटर इस यूनियन टेरिटरी में दो जियोथर्मल कुओं पर काम कर रहा है. 14 हजार फीट की ऊंचाई पर 1000 मीटर गहरे दो कुएं तैयार किए गए हैं. इन कुओं से लद्दाख को क्लीन एनर्जी हब बनाने में काफी मदद मिलेगी. वीके सक्सेना ने कहा, ‘पुगा वैली में मिली यह कामयाबी भारत के नेट-जीरो सफर के लिए ब्लूप्रिंट का काम करेगी’. इससे लद्दाख को एक कार्बन-न्यूट्रल और इको फ्रेंडली रीजन बनाने में बहुत बड़ा सपोर्ट मिलेगा. यह अभी 1 मेगावॉट का पायलट प्रोजेक्ट है. इसे बाद में कमर्शियल लेवल पर बड़ा किया जाएगा। 

    लद्दाख में शुरू हुए देश के पहले जियोथर्मल प्रोजेक्ट से आखिर क्या फायदे होंगे?
    जियोथर्मल एनर्जी का मतलब धरती के अंदर मौजूद प्राकृतिक गर्मी से है. इस गर्मी का इस्तेमाल करके टर्बाइन चलाए जाते हैं और बिजली बनती है. इसका सबसे बड़ा फायदा यह है कि यह 24 घंटे और 365 दिन काम करती है। 

    सोलर या विंड एनर्जी की तरह यह मौसम या सूरज की रोशनी पर निर्भर नहीं है. लद्दाख में सर्दियों में तापमान माइनस 20 से 30 डिग्री तक चला जाता है. ऐसे में यह जियोथर्मल प्रोजेक्ट वहां के लोगों के लिए वरदान साबित होगा। 

    इससे बनने वाली बिजली से घरों को गर्म रखने में बहुत मदद मिलेगी. स्पेस हीटिंग और ग्रीनहाउस फार्मिंग में भी इसका बड़ा यूज होगा. स्थानीय लोगों को जमा देने वाली सर्दी में भी ताजी सब्जियां उगाने का मौका मिलेगा. इसके अलावा टूरिस्ट इंफ्रास्ट्रक्चर को भी लगातार पावर सप्लाई मिल सकेगी। 

    जियोथर्मल एनर्जी प्रोजेक्ट के लिए पुगा वैली को ही क्यों चुना गया और कैसे काम होगा?

        पुगा वैली भारत में जियोथर्मल एनर्जी का सबसे बड़ा और एक्टिव हॉटस्पॉट है. हिमालय के इस हिस्से में धरती की गर्मी काफी ऊपर मौजूद है। 

        प्रोजेक्ट इंजीनियर्स के मुताबिक यहां जमीन के काफी करीब भारी मात्रा में गर्म पानी और भाप मौजूद है. 400 मीटर की गहराई पर ही 135 डिग्री सेल्सियस का अधिकतम तापमान रिकॉर्ड किया गया है। 

        यह तापमान पायलट पावर प्लांट में बिजली बनाने के लिए काफी अच्छा माना जाता है. अभी इस गर्म पानी और भाप की आगे की टेक्निकल टेस्टिंग चल रही है। 

        इंजीनियर्स को उम्मीद है कि 1000 मीटर की गहराई पर इससे भी ज्यादा तापमान मिलेगा. इस गर्मी से निकलने वाली स्टीम से पावर प्लांट के जेनरेटर चलेंगे। 

        अभी यह 1 मेगावॉट का पायलट प्रोजेक्ट है. सफल होने पर इसे बड़े कमर्शियल पावर प्लांट में बदल दिया जाएगा. इससे पूरे लद्दाख को फायदा होगा। 

    14 हजार फीट की ऊंचाई पर 1000 मीटर गहरे कुएं खोदने में क्या चुनौतियां सामने आईं?

    लद्दाख जैसी ऊंचाई वाली जगह पर कोई भी इंडस्ट्रियल कंस्ट्रक्शन करना आसान नहीं होता है. पुगा वैली समुद्र तल से 14 हजार फीट से ज्यादा ऊंचाई पर मौजूद है. यहां ऑक्सीजन की कमी और खराब मौसम सबसे बड़ी रुकावट होते हैं. भारी ड्रिलिंग मशीनों को खतरनाक पहाड़ी रास्तों से यहां तक लाना एक बड़ा टास्क था. इंजीनियर्स ने बताया कि जमीन के अंदर ड्रिलिंग के वक्त काफी कॉम्प्लेक्स हालात का सामना करना पड़ा। 

    इसके बावजूद 22 मई 2026 को पहले कुएं की ड्रिलिंग 1000 मीटर तक पूरी कर ली गई. इसके बाद 3 जून को दूसरे कुएं का काम शुरू हुआ. रिकॉर्ड एक महीने से भी कम समय में 8 जुलाई को दूसरा कुआं भी पूरा हो गया. यह ओएनजीसी एनर्जी सेंटर और पूरी प्रोजेक्ट टीम की बहुत बड़ी इंजीनियरिंग कामयाबी है। 

    प्रोजेक्ट में देरी क्यों हुई और लद्दाख के कार्बन न्यूट्रल मिशन के लिए यह कितना अहम है?

    यह ऐतिहासिक प्रोजेक्ट बीच में कुछ समय के लिए रुक गया था. लद्दाख प्रशासन, लद्दाख ऑटोनोमस हिल डेवलपमेंट काउंसिल लेह और ओएनजीसी के बीच एक अहम एमओयू खत्म हो गया था. इसके कारण प्रोजेक्ट के काम में कई महीनों की क्रिटिकल देरी हुई। 

    इसके बाद एलजी वीके सक्सेना ने मामले में तुरंत दखल दिया. उन्होंने सभी पक्षों से बात करके इस एमओयू को अगले पांच साल के लिए रिन्यू करवाया. इसके बाद काम दोबारा शुरू हुआ और कुएं कामयाबी के साथ पूरे किए गए। 

    भारत सरकार ने लद्दाख को कार्बन न्यूट्रल बनाने का बड़ा विजन रखा है. यह जियोथर्मल प्रोजेक्ट उस विजन को जमीन पर उतारने का सबसे सॉलिड रास्ता है. इससे डीजल जेनरेटर और महंगे फॉसिल फ्यूल पर लद्दाख की निर्भरता खत्म हो जाएगी. इससे पर्यावरण सुरक्षित रहेगा और इको टूरिज्म को भी नया बूस्ट मिलेगा। 

    News Desk

    Related Posts

    क्या फिर लौट रहा कोरोना? आंध्र प्रदेश के बाद महाराष्ट्र में 3 साल बाद मिले 21 नए केस, जानिए कैसी है स्थिति

    July 18, 2026

    होर्मुज संकट के बीच भारत अलर्ट, तेल-गैस आयात के लिए बदला समुद्री रास्ता

    July 18, 2026

    सोनम वांगचुक के समर्थन में अमेरिका में प्रदर्शन, वॉशिंगटन में गूंजा लद्दाख का मुद्दा

    July 18, 2026

    अहमदाबाद पटाखा फैक्ट्री विस्फोट पर पीएम मोदी ने जताया दुख, मुआवजे का ऐलान

    July 18, 2026

    अभिषेक बनर्जी के कथित अवैध दफ्तर पर चला बुलडोजर, तीन JCB से ढहाई जा रही पांच मंजिला इमारत

    July 18, 2026

    भारत का पहला प्राइवेट रॉकेट ‘विक्रम-1’ लॉन्च, जानिए इसकी खासियत और मिशन का बड़ा मकसद

    July 18, 2026
    GAM
    विज्ञापन
    विज्ञापन
    हमसे जुड़ें
    • Facebook
    • Twitter
    • Pinterest
    • Instagram
    • YouTube
    • Vimeo
    अन्य ख़बरें

    Uttarakhand News: अतिवृष्टि, चारधाम यात्रा और डेंगू रोकथाम पर CM धामी की हाई लेवल बैठक, लापरवाही पर चेतावनी, अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश….

    July 18, 2026

    Uttarakhand News: अतिवृष्टि, चारधाम यात्रा और डेंगू रोकथाम पर CM धामी की हाई लेवल बैठक, लापरवाही पर चेतावनी, अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश….

    July 18, 2026

    Uttarakhand News: PM मोदी के नेतृत्व में उत्तराखंड को नई रेल सेवा: CM धामी और अश्विनी वैष्णव ने किया शुभारंभ….

    July 18, 2026

    Uttarakhand News: PM मोदी के नेतृत्व में उत्तराखंड को नई रेल सेवा: CM धामी और अश्विनी वैष्णव ने किया शुभारंभ….

    July 18, 2026
    हमारे बारे में

    यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

    Disclaimer - समाचार से सम्बंधित किसी भी तरह के विवाद के लिए साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री ( समाचार / फोटो / विडियो आदि ) शामिल होगी स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। न्यूज़ पोर्टल में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता / खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होगी. सभी विवादों का न्यायक्षेत्र रायपुर होगा

    हमसे सम्पर्क करें
    Owner - Rakhi Roy
    Editor - Rahul Shende
    Mobile - 7089782411
    Email - cgnewsllive24@gmail.com
    Office - F 188, Aakash Ganga, Supela, Bhilai, Chhattisgarh
    July 2026
    M T W T F S S
     12345
    6789101112
    13141516171819
    20212223242526
    2728293031  
    « Jun    
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.